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श्री विनोद जैन का संक्षिप्त परिचय


श्री विनोद जैन

श्री विनोद जैन का जन्म 15 नवंबर 1957 ई. को हुआ था । वे 1976 ई. में श्रीराम कॉलेज ऑफ कॉमर्स से ऑनर्स के साथ वाणिज्य में स्नानत किए और 1979 ई. में एलएलबी पास किए । श्री जैन ने ऑल इंडिया मेरिट सूची में 7 वीं रैंक के साथ नवंबर 1977 में सीए में इंटरमीडिएट की परीक्षा उत्तीर्ण की है एवं नवंबर 1979 में ऑल इंडिया मेरिट सूची में 13वीं रौंक के साथ फाइनल परीक्षा उत्तीर्ण किया और भारत के चार्टर्ड अकाउंटेंट संस्थान के सदस्य बन गए । उन्होंने दिसंबर 1979 ई. में कंपनी सचिव की परीक्षा पास की और भारतीय कंपनी सचिव संस्थान के सदस्य बने वर्ष । वर्ष 1983 ई. में उन्होंने कॉस्ट अकाउंटेंट की परीक्षा भी पास किए और भारत के कॉस्ट अकाउंटेंट संस्थान के सदस्य बने । 2004 में भारत के चार्टर्ड अकाउंटेंट संस्थान से सूचना प्रणाली लेखा परीक्षा (DISA) में डिप्लोमा धारक हैं ।

सीए विनोद जैन को कराधान, लेखा परीक्षा, लेखा, वित्त, बैंकिंग, कानून, शिक्षा और रणनीतिक योजना तथा व्यवसाय प्रबंधन के क्षेत्र में लगभग 38 वर्षों का अनुभव है।

श्री विनोद जैन ने अपने करियर की शुरुआत अपोलो ग्रुप की कंपनीयों अपोलो टायर्स लिमिटेड और BST लिमिटेड से की थी । वे फरवरी 1980 से अब तक विनोद कुमार एंड एसोसिएट्स, चार्टर्ड अकाउंटेंट के सहयोगी प्रबंधक है । श्री जैन विभिन्न बैंकों और बीमा कंपनियों के सांविधिक लेखा परीक्षक थे । उन्होंने प्रतिभूति अपीलीय न्यायाधिकरण (सैट), औद्योगिक और वित्तीय पुनर्निर्माण बोर्ड (बीआईएफआर), रुग्ण औद्योगिक कंपनी अधिनियम के तहत अपीलीय प्राधिकारी, कंपनी लॉ बोर्ड और आयकर अपीलीय न्यायाधिकरण (आईटीएटी) के समक्ष विभिन्न ग्राहकों के कानूनी प्रतिनिधि और अटॉर्नी के रूप में अपनी सेवा प्रदान की है । श्री जैन इन्मैक्स मैनेजमेंट सर्विसेज लिमिटेड के अध्यक्ष भी है ।

श्री जैन सितंबर 1983 से सितंबर 1984 तक भारतीय चार्टर्ड अकाउंटेंट संस्थान के उत्तर भारत क्षेत्रीय परिषद के अध्यक्ष थे तथा उन्होंने सचिव (1982-1983) और कोषाध्यक्ष (1984-1985) के रुप में भी कार्य रुप में भी कार्य किया । वे 1998 से 2004 और 2007 से 2013 तक भारतीय चार्टर्ड लेखाकार संस्थान की केंद्रीय परिषद के सदस्य रहे हैं और परिषद के एक सदस्य के रुप में चार्टर्ड अकाउंटेंट की जांच और अनुशासन का पर्यवेक्षण किए ।

श्री जैन ने 2010-2011 तक भारत के चार्टर्ड अकाउंटेंट्स संस्थान के अध्ययन बोर्ड के अध्यक्ष के रुप में भी सेवा प्रदान किए है, ऐसे में प्रभारी होने के नाते देश के लगभग एक लाख सीए छात्रों की चार्टर्ड अकाउंटेंट्स शिक्षा की समग्र जिम्मेदारी उनपर थी । वे 5 वर्षों तक वित्तीय बाजार और निवेशक संरक्षण समिति, 4 वर्षों तक व्यवसायिक विकास समिति, प्रबंधन लेखा समिति के अध्यक्ष के रुप में और आईसीएआई की विशेषज्ञ सलाहकार समिति में कार्य किए हैं । उन्होंने लेखा मानक बोर्ड, अंकेक्षण एवं आश्वासन मानक बोर्ड, लोक वित्त समिति, सूचना प्रौद्योगिकी समिति, बीमा समिति आदि के सदस्य के रुप में अपनी सेवा प्रदान की है ।

श्री जैन जुलाई 2009 से फरवरी 2013 तक वित्त (एमबीए) में 1 वर्षीय सर्टिफिकेट कोर्स के संस्थापक और राष्ट्रीय निदेशक और डीन थे । वे भारत के चार्टर्ड अकाउंटेंट्स संस्थान द्वारा मूल्यांकन पर चलाए गए 3 महीने के सर्टिफिकेट कोर्स के संस्थापक और राष्ट्रीय निदेशक थे । श्री जैन 2010-2013 तक आईसीएआई के विदेशी मुद्रा जोखिम और ट्रेजरी प्रबंधन पर सर्टिफिकेट कोर्स के राष्ट्रीय निदेशक थे। उन्होंने केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड, कॉरपोरेट मामलों के मंत्रालय की विभिन्न समितियों और भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) की निम्नलिखित समितियों में अपनी सेवाएं प्रदान की हैं-

  1. सेबी प्रथमिक बाजार सलाहकार समिति ।
  2. सेबी द्वितीयक बाजार सलाहकार समिति ।
  3. सेबी म्यूचुअल फंड सलाहकार समिति ।
  4. सेबी अधिग्रहण संहिता समिति ।
  5. प्राथमिक बाजार में प्रवेश योग्यता" पर सेबी की उप समिति ।